शाहजहाँपुर। मानसून के आगमन से पूर्व जनपद को बाढ़ की विभीषिका से परमानेंट सुरक्षित रखने तथा 'शून्य जनहानि' के कड़े संकल्प को धरातल पर उतारने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में आ गया है। आज मंगलवार दिनांक ०९ जून २०२६ को कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी धर्मेन्द्र प्रताप सिंह की अध्यक्षता में जनपद की बाढ़ पूर्व तैयारियों एवं आपदा प्रबंधन व्यवस्थाओं की एक अत्यंत महत्वपूर्ण कड़क समीक्षा बैठक संपन्न हुई। बैठक में जिलाधिकारी ने कड़ा रुख अपनाते हुए स्पष्ट विलेख जारी किया कि गत वर्ष की भांति इस वर्ष किसी भी स्थिति में कोई जनहानि स्वीकार नहीं की जाएगी और कोताही बरतने वाले अधिकारियों पर तत्काल कस्टडी कड़ाई की गाज गिरेगी।
विलेख के आधिकारिक प्रशासनिक विवरण के अनुसार, बैठक में जनपद के बाढ़ प्रभावित मुख्य क्षेत्रों—तहसील सदर, तिलहर, जलालाबाद एवं कलान के उपजिलाधिकारियों (SDM) व तहसीलदारों के साथ कलेक्टिव मंथन किया गया। जिलाधिकारी ने सभी एसडीएम को निर्देशित किया कि पूर्व में चिन्हित किए गए ट्रैक्टर, जेसीबी, क्रेन व नाव स्वामियों का तत्काल स्थलीय सत्यापन कर उनसे परमानेंट संपर्क विन्यास स्थापित कर लिया जाए। डीएम ने विशेष रूप से जलालाबाद और कलान क्षेत्र के लिए कड़ा कमान निर्देश जारी करते हुए कहा कि **बिना लाइफ जैकेट के एक भी नाव का संचालन नदी में नहीं होना चाहिए**; यदि ऐसा पाया गया या कोई दुर्घटना हुई, तो सीधे संबंधित अधिकारियों की व्यक्तिगत जवाबदेही तय कर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
• 🛠️ उपकरणों का त्वरित क्रय: जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण को तत्काल ५० अतिरिक्त लाइफ जैकेट एवं १० हाई-पावर सर्च लाइट क्रय कर प्रभावित तहसीलों को कलेक्टिव रूप से बांटने के निर्देश दिए गए हैं।
• 🚓 सड़कों पर पुलिस की अस्थायी चौकियां: कलान के जलालाबाद-ढाईघाट मार्ग स्थित भरतपुर डिप एवं चौरा डिप सहित अन्य संवेदनशील ओवरफ्लो स्थलों पर बैरीकेटिंग लगाने तथा पानी ऊपर से बहने पर पुलिस की कड़क अस्थायी चौकियां स्थापित करने का कमान आदेश दिया गया है।
• 🐄 जलमग्न गौशालाओं का उच्चीकरण: मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी एवं बीडीओ को ककरा, धन्योरा, शहबाजनगर, घुसगवां, मरैना, जैतीपुर एवं पैलानी उत्तर जैसी बाढ़ प्रभावित गौशालाओं और उनके पहुंच मार्गों को तुरंत ऊंचा (उच्चीकरण) करने का विलेख सौंपा गया है।
| 🏢 विभाग / कलेक्टिव विंग | 🎯 सौंपे गए कड़े कमान कार्य एवं सुरक्षा विलेख |
|---|---|
|
• 🏙️ नगर निगम शाहजहाँपुर: • 🌊 सिंचाई विभाग: • 🧑⚕️ पशुपालन व विकास विंग: |
• कांशीराम व मनफूल कॉलोनी में जलभराव रोकने हेतु **फ्लैप गेट/रेगुलेटर** की स्थापना। • राईखेड़ा गांव से नगरिया मोड़ तक पुलियों पर **लोहे के गेट** लगाना व मौजमपुर कैनाल पर मिट्टी भराई। • ७ संवेदनशील गौशालाओं का स्थलीय निरीक्षण व चारे-पानी की परमानेंट कस्टडी आपूर्ति। |
"बाढ़ जैसी प्राकृतिक आपदा आने से पहले ही प्रशासनिक मशीनरी को पूरी तरह कस देना और संवेदनशीलता के आधार पर जिम्मेदारियां तय करना जिलाधिकारी धर्मेन्द्र प्रताप सिंह के कड़क और दूरदर्शी सुशासन को परमानेंट प्रमाणित करता है। विशेषकर कलान और जलालाबाद के नदी क्षेत्रों में बिना लाइफ जैकेट नाव के संचालन पर पूर्ण प्रतिबंध और दुर्घटना होने पर कस्टडी कड़ाई की चेतावनी नाविकों व लापरवाह कर्मचारियों दोनों के होश ठिकाने रखने के लिए पर्याप्त है। डिपों पर पुलिस चौकियां स्थापित करना और कांशीराम कॉलोनी के जलभराव के लिए फ्लैप गेट का स्थायी विन्यास तैयार करना यह साबित करता है कि शाहजहाँपुर जिला प्रशासन जन-धन की सुरक्षा हेतु पूरी तरह कटिबद्ध है। 'सच की आवाज' आपदा पूर्व इस अभेद्य कलेक्टिव चक्रव्यूह की मुक्त कंठ से सराहना करती है।"
'सच की आवाज' वेब न्यूज के माध्यम से हमारे कमान कलेक्टिव स्टेट ब्यूरो हेड योगेंद्र सिंह यादव ने इस ग्राउंड विलेख की कड़क पड़ताल करते हुए बताया कि बैठक के अंत में जिलाधिकारी ने सभी विभागों को कड़े निर्देश दिए कि आपसी कलेक्टिव समन्वय के साथ समस्त बाढ़ पूर्व तैयारियां समयबद्ध रूप से पूर्ण कर ली जाएं ताकि मानसून के दौरान किसी भी आपातकालीन स्थिति से परमानेंट निपटा जा सके।
"जनता के हक की आवाज, हर समय - सच की आवाज वेब न्यूज"
Sach Ki Awaz Web News एक स्वतंत्र और विश्वसनीय डिजिटल न्यूज़ प्लेटफॉर्म है, जो निष्पक्ष, सटीक और तेज़ खबरें पाठकों तक पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा उद्देश्य समाज से जुड़े हर महत्वपूर्ण मुद्दे को बिना किसी पक्षपात के उजागर करना और जनता की आवाज़ को मजबूती से प्रस्तुत करना है। हमारी टीम जमीनी स्तर से लेकर राष्ट्रीय स्तर तक की खबरों को सत्यापन के साथ प्रकाशित करती है, ताकि आपको मिले भरोसेमंद और प्रभावशाली जानकारी—सबसे पहले।
शाहजहांपुर
0 Comments