शाहजहांपुर: चिता की आग में मीट पकाने के मामले में तीन आरोपी गिरफ्तार


स्टेट ब्यूरो हेड योगेंद्र सिंह यादव, उत्तर प्रदेश ✍️

पुवायां, शाहजहांपुर। थाना पुवायां क्षेत्र के नत्थापुर गांव में चिता की आग में कथित रूप से मीट पकाने और विरोध करने पर गाली-गलौज व जान से मारने की धमकी देने के मामले में पुलिस ने तीन वांछित आरोपियों को गिरफ्तार किया है। घटना की जानकारी सामने आने के बाद पुलिस ने 20 सितंबर को मुकदमा दर्ज किया था और 21 सितंबर को तीनों आरोपियों को नत्थापुर तिराहे से गिरफ्तार किया। घटना की स्वतंत्र मीडिया रिपोर्टों में भी पुष्टि हुई है।

मृतक के बेटे की तहरीर पर दर्ज हुआ था मुकदमा

पुलिस के अनुसार, नत्थापुर निवासी वीरपाल पुत्र छोटेलाल ने 20 सितंबर 2026 को थाने में तहरीर दी थी। तहरीर के आधार पर मु.अ.सं. 571/2026, धारा 301, 352 और 351(3) बीएनएस के तहत रामचरन, राजेन्द्र और सुरेन्द्र सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया।

शिकायत में आरोप लगाया गया कि आरोपियों ने वीरपाल के पिता की चिता की आग में मीट पकाया। वीरपाल द्वारा इसका विरोध करने पर आरोपियों ने कथित रूप से गाली-गलौज की और जान से मारने की धमकी दी। मामले में पुलिस ने जांच शुरू करते हुए नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई की।

नत्थापुर तिराहे से तीनों गिरफ्तार

थाना पुवायां पुलिस टीम ने 21 सितंबर को रामचरन (40), राजेन्द्र (32) और सुरेन्द्र सिंह (35) को नत्थापुर तिराहे से गिरफ्तार किया। तीनों नत्थापुर गांव, थाना पुवायां, जनपद शाहजहांपुर के निवासी बताए गए हैं।

पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार आरोपियों के विरुद्ध नियमानुसार आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है।

दो आरोपियों का आपराधिक इतिहास भी दर्ज

पुलिस के अनुसार रामचरन के खिलाफ वर्तमान मुकदमे के अलावा पुवायां थाने में वर्ष 2026 का एक अन्य मुकदमा दर्ज है। वहीं राजेन्द्र के खिलाफ वर्तमान मामले के अलावा वर्ष 2016 का एक मुकदमा दर्ज होने की जानकारी पुलिस ने दी है।

पुलिस टीम

गिरफ्तारी करने वाली टीम में वरिष्ठ उपनिरीक्षक अशोक कुमार, उपनिरीक्षक रामवीर, कांस्टेबल अक्षय बालियान और कांस्टेबल विष्णु कुमार शामिल रहे।

प्रकरण में पुलिस की जांच और आगे की विधिक कार्रवाई जारी है।

Previous Post Next Post