खाकी का मानवीय चेहरा: शाहजहाँपुर पुलिस बनी जीवनरक्षक; महिला आरक्षी अपर्णा कौशिक ने रक्तदान कर बचाई बुजुर्ग महिला की जान

[ मानवता की मिसाल / शाहजहाँपुर पुलिस ]

स्टेट ब्यूरो हेड: योगेंद्र सिंह यादव, उत्तर प्रदेश ✍️

शाहजहाँपुर | 23 अप्रैल, 2026 सच की आवाज वेब न्यूज - विशेष कवरेज

शाहजहाँपुर पुलिस ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि वह केवल कानून की रक्षक ही नहीं, बल्कि मानवता की सच्ची सेवादार भी है। कृष्णा अस्पताल में जीवन और मृत्यु के बीच संघर्ष कर रही एक बुजुर्ग महिला के लिए जब तत्काल रक्त की आवश्यकता पड़ी, तो शाहजहाँपुर पुलिस की एक जांबाज महिला आरक्षी देवदूत बनकर सामने आईं और समय पर रक्तदान कर एक अनमोल जीवन बचा लिया।

संवेदना से समाधान तक:
दिनांक 22.04.2026 को एक पीड़ित परिवार ने मीडिया सेल के जरिए संपर्क कर अपनी माताजी के उपचार हेतु रक्त की कमी की गुहार लगाई। पुलिस अधीक्षक **श्री सौरभ दीक्षित** ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल मदद के निर्देश दिए। एसपी के निर्देश मिलते ही पुलिस महकमे में सक्रियता बढ़ी और थाना मिर्जापुर में तैनात **महिला आरक्षी अपर्णा कौशिक** ने बिना पल गंवाए रक्तदान करने की इच्छा जताई।

"रक्तदान महादान" का जीवंत संदेश: महिला आरक्षी द्वारा किया गया यह योगदान केवल एक व्यक्ति की जान बचाना नहीं है, बल्कि समाज में वर्दी के प्रति विश्वास और रक्तदान के प्रति जागरूकता फैलाने का एक महान कार्य है। पीड़िता ने भावुक होकर कहा, "मेरी माताजी को नया जीवन देने के लिए मैं शाहजहाँपुर पुलिस की सदैव ऋणी रहूँगी।"

पुलिस की तीन मुख्य प्राथमिकताएं:
• **सुरक्षा:** अपराध मुक्त समाज का निर्माण।
• **सेवा:** विपरीत परिस्थितियों में जनता की मदद।
• **सहयोग:** आम आदमी का भरोसा जीतना।

इस नेक कार्य के लिए पूरी जनपद पुलिस की सराहना हो रही है। "सच की आवाज वेब न्यूज" महिला आरक्षी अपर्णा कौशिक के इस जज्बे को सलाम करता है।

"खाकी का सम्मान, सेवा और बलिदान - सच की आवाज वेब न्यूज"

Previous Post Next Post