परिवार परामर्श केंद्र में 25 मामलों की सुनवाई, 4 दंपतियों को कराया गया समझौता

स्टेट ब्यूरो हेड योगेंद्र सिंह यादव उत्तर प्रदेश ✍️

शाहजहाँपुर, 13 अगस्त। पुलिस अधीक्षक शाहजहाँपुर के निर्देशन में पुलिस लाइन स्थित परिवार परामर्श केंद्र में गुरुवार को पारिवारिक विवादों से संबंधित 25 पत्रावलियों पर सुनवाई की गई। इस दौरान समझाइश एवं आपसी वार्ता के माध्यम से 4 दंपतियों के बीच समझौता कराया गया, जिसके बाद सभी चारों दंपतियों को सकुशल विदा किया गया।

शराब और मारपीट के विवाद में हुआ समझौता

थाना कोतवाली क्षेत्र के एक दंपति की शादी करीब दो वर्ष पूर्व हुई थी। आवेदिका ने बताया कि उसका पति शराब पीकर मारपीट करता है और खर्च के लिए पैसे नहीं देता। वह करीब 11 माह से मायके में रह रही थी। पति ने पत्नी को साथ रखने तथा मारपीट न करने और हर महीने खर्च देने की बात कही। दोनों पक्षों की काउंसलिंग के बाद आपसी सहमति से समझौता हो गया।

देवर से विवाद का भी हुआ समाधान

थाना कोतवाली क्षेत्र के दूसरे दंपति की शादी करीब दो वर्ष पूर्व हुई थी। आवेदिका करीब छह माह से मायके में रह रही थी। उसने देवर के व्यवहार को लेकर आपत्ति जताई। वहीं पति ने पत्नी को साथ रखने की इच्छा जताते हुए कहा कि वह अपने भाई के खाने की व्यवस्था अलग से कर देगा। दोनों पक्षों को समझाने के बाद आपसी सहमति से समझौता कराया गया।

पति ने पत्नी और बच्चे की जिम्मेदारी लेने का दिया भरोसा

थाना सेहरामऊ दक्षिणी क्षेत्र के एक दंपति की शादी करीब तीन वर्ष पूर्व हुई थी। आवेदिका ने पति पर शराब पीकर मारपीट करने तथा उसके और बच्चे के खर्च की व्यवस्था न करने का आरोप लगाया। पति ने पत्नी को साथ रखने, मारपीट न करने तथा पत्नी और बच्चों का खर्च उठाने की बात कही। दोनों पक्षों की वार्ता के बाद समझौता हो गया और उन्हें सकुशल विदा किया गया।

दहेज मांगने और मारपीट के आरोप वाले मामले में समझौता

थाना सेहरामऊ दक्षिणी क्षेत्र के ही एक अन्य दंपति की शादी करीब दो वर्ष पूर्व हुई थी। आवेदिका ने पति एवं सास पर मारपीट, गाली-गलौज और दहेज की मांग करने के आरोप लगाए। उसने बताया कि उसकी एक वर्षीय बेटी भी है और पति द्वारा उसका एवं बच्ची का खर्च नहीं दिया जाता।

पति ने पत्नी के साथ मारपीट न करने तथा खर्च देने की बात कही और उसे साथ रखने की सहमति जताई। दोनों पक्षों को समझाने-बुझाने के बाद आपसी सहमति से समझौता कराया गया और दंपति को परिवार परामर्श केंद्र से सकुशल विदा किया गया।

इस दौरान महिला मुख्य आरक्षी चंद्रकांता शर्मा, महिला आरक्षी पिंकी, महिला आरक्षी निशा मिश्रा एवं महिला आरक्षी नेहा चौहान सहित अन्य कर्मचारी मौजूद रहे।

परिवार परामर्श केंद्र द्वारा पारिवारिक विवादों को संवाद, समझाइश एवं आपसी सहमति के माध्यम से सुलझाने का प्रयास लगातार किया जा रहा है।

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