स्टेट ब्यूरो हेड योगेंद्र सिंह यादव उत्तर प्रदेश ✍️
लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ में समाज कल्याण विभाग के कार्यों की समीक्षा करते हुए जय प्रकाश नारायण सर्वोदय विद्यालयों के संचालन एवं प्रबंधन को अधिक व्यवस्थित बनाने के लिए स्पष्ट नियमावली तैयार करने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने विद्यालयों में शिक्षकों के रिक्त पदों पर चयन प्रक्रिया को आगे बढ़ाने तथा एक सोसाइटी के गठन की दिशा में आवश्यक कार्रवाई करने को कहा। उन्होंने विद्यार्थियों की शैक्षणिक आवश्यकताओं के अनुरूप अन्य जरूरी मानव संसाधन की उपलब्धता सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए।
अभ्युदय योजना की समीक्षा
मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री ने प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण मार्गदर्शन उपलब्ध कराने तथा योजना की पहुंच एवं प्रभावशीलता बढ़ाने पर जोर दिया।
वर्तमान में यह योजना प्रदेश के 75 जनपदों में 163 केंद्रों के माध्यम से संचालित है। इन केंद्रों पर 1,783 इम्पैनल्ड शिक्षक हैं और UPSC, PCS, NEET, JEE, NDA/CDS सहित विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए 23,801 विद्यार्थी पंजीकृत हैं। योजना के अंतर्गत चार सेंटर ऑफ एक्सीलेंस भी संचालित हैं।
पात्र वृद्धजनों को जल्द मिले वृद्धावस्था पेंशन
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि वृद्धावस्था पेंशन के लिए पात्र लेकिन अभी तक लाभ से वंचित वृद्धजनों के आवेदनों का सत्यापन कराकर उन्हें जल्द से जल्द पेंशन का लाभ दिया जाए। उन्होंने कहा कि सत्यापन से लेकर पेंशन स्वीकृति तक की पूरी प्रक्रिया समयबद्ध हो, ताकि पात्र वृद्धजनों को अनावश्यक प्रतीक्षा न करनी पड़े।
2 अक्टूबर तक छात्रवृत्ति देने के निर्देश
छात्रवृत्ति वितरण की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि हर पात्र विद्यार्थी को समय से छात्रवृत्ति का लाभ मिलना चाहिए। उन्होंने पूर्वदशम एवं दशमोत्तर छात्रवृत्ति से वंचित विद्यार्थियों के लिए आवेदन पोर्टल तत्काल खोलने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिए कि हर हाल में 2 अक्टूबर तक छात्रवृत्ति की धनराशि विद्यार्थियों के खातों में अंतरित कर दी जाए।
