10 ग्राम पंचायतों को गोद लेकर निर्धनतम परिवारों को आत्मनिर्भर बनाने पर होगा काम
स्टेट ब्यूरो हेड योगेंद्र सिंह यादव उत्तर प्रदेश ✍️
शाहजहांपुर। प्रदेश में निर्धनतम परिवारों को गरीबी के दुष्चक्र से बाहर निकालकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से संचालित ‘जीरो पॉवर्टी उत्तर प्रदेश अभियान’ को गति देने के लिए जिला प्रशासन और स्वामी शुकदेवानंद विश्वविद्यालय के बीच गैर-वित्तीय समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए हैं।
इस पहल के तहत विश्वविद्यालय अभियान में सहभागी बनकर चयनित निर्धनतम परिवारों से संवाद स्थापित करेगा तथा उन्हें विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने एवं आत्मनिर्भर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
10 ग्राम पंचायतों को गोद लेगा विश्वविद्यालय
एमओयू के तहत विश्वविद्यालय द्वारा 10 ग्राम पंचायतों को गोद लिया जाएगा। इन ग्राम पंचायतों में रहने वाले निर्धनतम परिवारों की सामाजिक एवं आर्थिक स्थिति का आकलन किया जाएगा।
परिवार के सदस्यों के रोजगार, मूलभूत सुविधाओं और अन्य आवश्यकताओं की वास्तविक स्थिति का अध्ययन कर आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराने की दिशा में कार्य किया जाएगा। विशेष रूप से युवाओं को कौशल विकास प्रशिक्षण एवं रोजगार के साधन उपलब्ध कराने में सहयोग किया जाएगा।
सामाजिक सुरक्षा की दृष्टि से अत्यंत कमजोर निर्धनतम परिवारों को चिन्हित कर उन्हें अभियान के पोर्टल पर विशेष रूप से प्रदर्शित किए जाने की व्यवस्था भी की जाएगी। विश्वविद्यालय द्वारा इन परिवारों की प्रगति रिपोर्ट प्रत्येक तीन माह में पोर्टल पर प्रस्तुत की जाएगी।
जिला प्रशासन देगा आवश्यक सहयोग
जिला प्रशासन द्वारा अभियान के पोर्टल का एक्सेस, आवश्यक डाटा एवं रिपोर्टिंग फॉर्मेट विश्वविद्यालय को उपलब्ध कराया जाएगा। साथ ही विभिन्न विभागों की योजनाओं का लाभ पात्र परिवारों तक पहुंचाने में आवश्यक सहयोग किया जाएगा।
विश्वविद्यालय द्वारा विशेष रूप से चिन्हित किए गए निर्धन परिवारों के मामलों को उच्चाधिकारियों के संज्ञान में लाने के साथ उनकी समय-समय पर समीक्षा एवं तकनीकी सहयोग की व्यवस्था भी जिला प्रशासन द्वारा की जाएगी।
शिक्षा के साथ सामाजिक जिम्मेदारी भी निभाएगा विश्वविद्यालय
इस अवसर पर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. पुष्पेंद्र बहादुर सिंह ने कहा कि उच्च शिक्षण संस्थानों की सामाजिक जिम्मेदारी को सरकारी योजनाओं से जोड़ने की यह पहल शिक्षा के साथ-साथ समाज के अंतिम पायदान पर खड़े परिवारों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने में महत्वपूर्ण सिद्ध होगी।
उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन और विश्वविद्यालय की यह साझेदारी ‘जीरो पॉवर्टी’ के लक्ष्य को जमीनी स्तर पर साकार करने की दिशा में सार्थक कदम है।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी उत्कर्ष द्विवेदी, जिला विद्यालय निरीक्षक हरिवंश कुमार, विश्वविद्यालय के कुल सचिव वीरेंद्र कुमार मौर्य, वित्त अधिकारी अर्चना त्रिपाठी, प्रोफेसर प्रभात शुक्ला, डॉ. शिशिर शुक्ला एवं डॉ. अरुण कुमार यादव सहित अन्य अधिकारी एवं विश्वविद्यालय के पदाधिकारी मौजूद रहे।
