ब्यूरो चीफ प्रमोद मिश्रा बलरामपुर ✍️
बलरामपुर। जनपद में जनगणना 2027 के द्वितीय चरण को सुव्यवस्थित, पारदर्शी और त्रुटिरहित ढंग से संपन्न कराने के लिए तैयारियां तेज कर दी गई हैं। इसी क्रम में फील्ड ट्रेनर्स के दूसरे बैच का तीन दिवसीय प्रशिक्षण 16 अक्टूबर 2026 को सीएमएस इंटर कॉलेज, बलरामपुर में संपन्न हुआ। प्रशिक्षण के दौरान जनगणना की कार्ययोजना, डिजिटल प्रक्रिया, निर्धारित समय-सारिणी और आंकड़ों के सटीक संकलन के संबंध में विस्तार से जानकारी दी गई।
डिजिटल माध्यम से होगी जनगणना, स्व-गणना की भी मिलेगी सुविधा
प्रशिक्षण कार्यक्रम में उपजिलाधिकारी एवं प्रशिक्षण नोडल अधिकारी ने बताया कि इस बार जनगणना की प्रक्रिया डिजिटल माध्यम से संपन्न कराई जाएगी। आमजन की सहभागिता सुनिश्चित करने के लिए स्व-गणना की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी, जिसके तहत लोग 16 नवंबर से 30 नवंबर 2026 तक अपनी जनगणना संबंधी जानकारी स्वयं दर्ज कर सकेंगे।
उन्होंने बताया कि स्व-गणना की अवधि समाप्त होने के बाद 1 दिसंबर 2026 से 4 जनवरी 2027 तक प्रगणक आवंटित गणना ब्लॉकों (Enumeration Blocks-EB) में घर-घर जाकर जनसंख्या संबंधी आंकड़े एकत्र करेंगे।
जनगणना की संदर्भ तिथि 5 जनवरी 2027 की रात्रि 12 बजे निर्धारित की गई है। इसके बाद 5 जनवरी से 9 जनवरी 2027 तक रिवीजनल राउंड चलाया जाएगा, जिसमें निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार आवश्यक संशोधन और आंकड़ों को अद्यतन करने का कार्य किया जाएगा।
आंकड़ों की शुद्धता में फील्ड ट्रेनर्स की अहम भूमिका
प्रशिक्षण के दौरान उपजिलाधिकारी एवं प्रशिक्षण नोडल अधिकारी ने गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि जनगणना के आंकड़ों की शुद्धता और विश्वसनीयता सुनिश्चित करने में फील्ड ट्रेनर्स की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है। प्रत्येक फील्ड ट्रेनर का दायित्व है कि प्रशिक्षण के दौरान प्राप्त तकनीकी एवं व्यावहारिक जानकारी को प्रगणकों और सुपरवाइजरों तक प्रभावी ढंग से पहुंचाए।
उन्होंने सभी फील्ड ट्रेनर्स से अपेक्षा की कि वे अपने आवंटित प्रगणकों एवं सुपरवाइजरों को डिजिटल जनगणना प्रक्रिया, आंकड़ों के संकलन, निर्धारित दिशा-निर्देशों और संभावित तकनीकी समस्याओं के समाधान के संबंध में बेहतर प्रशिक्षण प्रदान करें, ताकि फील्ड स्तर पर किसी प्रकार की त्रुटि या कठिनाई न हो।
विकास योजनाओं और जनकल्याणकारी नीतियों के लिए महत्वपूर्ण है जनगणना
प्रशिक्षण नोडल अधिकारी ने कहा कि जनगणना एक महत्वपूर्ण राष्ट्रीय कार्य है। इससे प्राप्त आंकड़े भविष्य की विकास योजनाओं, संसाधनों के उचित आवंटन और जनकल्याणकारी नीतियों के निर्माण में अहम भूमिका निभाते हैं। इसलिए जनगणना कार्य से जुड़े सभी कार्मिकों को अपने दायित्वों का निर्वहन पूरी गंभीरता, सजगता और जिम्मेदारी के साथ करना चाहिए।
जनपद में जनगणना 2027 के द्वितीय चरण को निर्धारित समय-सारिणी के अनुसार सफलतापूर्वक संपन्न कराने के लिए प्रशिक्षण सहित अन्य आवश्यक तैयारियां चरणबद्ध तरीके से की जा रही हैं।
ब्यूरो चीफ प्रमोद मिश्रा, बलरामपुर ✍️
