स्टेट हेड योगेंद्र सिंह यादव, उत्तर प्रदेश ✍️
शाहजहांपुर। ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत शाहजहांपुर पुलिस की प्रभावी पैरवी के चलते गैंगस्टर एक्ट के एक मामले में न्यायालय ने गिरोह के सरगना समेत दो अभियुक्तों को छह-छह वर्ष के सश्रम कारावास और पांच-पांच हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है।
पुलिस के अनुसार, पुलिस महानिदेशक उत्तर प्रदेश के निर्देश पर जघन्य अपराधों में संलिप्त अभियुक्तों को अधिकतम एवं कठोर सजा दिलाने के लिए ऑपरेशन कन्विक्शन चलाया जा रहा है। इसी क्रम में पुलिस अधीक्षक सौरभ दीक्षित के निर्देशन में थाना रोजा पुलिस, मॉनीटरिंग सेल और अभियोजन विभाग द्वारा मामले की प्रभावी पैरवी की गई।
2017 में दर्ज हुआ था गैंगस्टर एक्ट का मुकदमा
मामले में 14 मई 2017 को तत्कालीन थाना प्रभारी कमरूल हसन खां द्वारा जिलाधिकारी के अनुमोदन से थाना रोजा में गैंगस्टर एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कराया गया था। पुलिस के मुताबिक रूखसाद उर्फ हैदर को गिरोह का सरगना बताया गया था, जबकि अजीम उर्फ मुन्ना उसका साथी था।
पुलिस के अनुसार गिरोह के सदस्यों पर चोरी, नकबजनी आदि जघन्य अपराधों के माध्यम से अनुचित आर्थिक लाभ अर्जित करने तथा लोगों में भय एवं आतंक का वातावरण पैदा करने के आरोप थे। मामले में मु.अ.सं. 957/2017 के तहत धारा 2/3 गैंगस्टर एक्ट में कार्रवाई की गई थी।
प्रभावी पैरवी के बाद न्यायालय ने सुनाई सजा
पुलिस एवं अभियोजन विभाग द्वारा मामले से संबंधित साक्ष्यों को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत करते हुए लगातार प्रभावी पैरवी की गई। पुलिस के अनुसार अभियुक्तों द्वारा न्यायालय में अपना जुर्म स्वीकार किए जाने के बाद एएसजे-05, शाहजहांपुर की अदालत ने दोनों को छह-छह वर्ष के सश्रम कारावास तथा पांच-पांच हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया।
सजा पाने वाले अभियुक्तों का विवरण:
- रूखसाद उर्फ हैदर पुत्र दिलशाद, निवासी मोहल्ला किला, निकट चार खम्भा, थाना कोतवाली, शाहजहांपुर।
- अजीम उर्फ मुन्ना पुत्र नियामत, निवासी गुलाबनगर, थाना मैलानी, जनपद खीरी।
पुलिस के मुताबिक अभियुक्तों के विरुद्ध जनपद के विभिन्न थानों में भी कई मामले दर्ज हैं।
शाहजहांपुर पुलिस के अनुसार ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत अपराधियों को न्यायालय तक पहुंचाने के साथ प्रभावी पैरवी के माध्यम से कठोर दंड दिलाने की कार्रवाई लगातार जारी है। इसका उद्देश्य अपराधियों में कानून का भय और आमजन में सुरक्षा का विश्वास कायम करना है।