स्टेट ब्यूरो हेड योगेंद्र सिंह यादव उत्तर प्रदेश ✍️
500 ग्राम सुल्फा बरामदगी के मामले में कोर्ट का फैसला, दोनों पर ₹20-₹20 हजार का अर्थदंड
शाहजहाँपुर। ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत शाहजहाँपुर पुलिस की प्रभावी पैरवी के चलते मादक पदार्थ बरामदगी के एक मामले में न्यायालय ने दो अभियुक्तों को दोषसिद्ध पाते हुए 6-6 वर्ष के कठोर कारावास एवं ₹20-₹20 हजार के अर्थदंड से दंडित किया है।
पुलिस के अनुसार, अभियुक्त हेमराज पुत्र घनश्याम, निवासी ग्राम आजमनगर मोहनपुर परसैला, थाना तिलहर तथा राजेश पुत्र सीताराम, निवासी मोहल्ला निजामगंज, थाना तिलहर के कब्जे से 250-250 ग्राम, कुल 500 ग्राम सुल्फा बरामद होने का मामला था।
2022 में पुलिस ने की थी कार्रवाई
प्रेस नोट के अनुसार, 8 दिसंबर 2022 को थाना तिलहर में तैनात उपनिरीक्षक अनुज कुमार पुलिस टीम के साथ क्षेत्र में भ्रमणशील थे। मुखबिर की सूचना पर पुलिस टीम ने ग्राम ग्वार सड़क पर निगोही रोड से करीब 200 मीटर की दूरी पर दो व्यक्तियों को रोका।
पूछताछ में उनकी पहचान हेमराज और राजेश के रूप में हुई। पुलिस के अनुसार, दोनों के पास सुल्फा होने की जानकारी मिली। मौके पर क्षेत्राधिकारी तिलहर बी.एस. वीर कुमार को बुलाया गया। उनकी मौजूदगी में की गई तलाशी के दौरान दोनों के कब्जे से 250-250 ग्राम सुल्फा बरामद किया गया।
पुलिस ने मामले में वैधानिक कार्रवाई करते हुए मुकदमा दर्ज कर विवेचना शुरू की।
प्रभावी पैरवी से हुई दोषसिद्धि
मामले में मॉनीटरिंग सेल, थाना तिलहर पुलिस एवं अभियोजन विभाग द्वारा लगातार प्रभावी पैरवी की गई। पुलिस के अनुसार प्रकरण से संबंधित साक्ष्यों के साथ कुल पांच गवाहों को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत कराया गया।
प्रभावी पैरवी के परिणामस्वरूप एडीजे-43, शाहजहाँपुर की अदालत ने हेमराज और राजेश को दोषसिद्ध पाते हुए प्रत्येक को 6 वर्ष के कठोर कारावास तथा ₹20 हजार के अर्थदंड की सजा सुनाई।
प्रकरण का विवरण
मु0अ0सं0 883/2022
धारा 8/20 एनडीपीएस एक्ट
थाना बंडा, जनपद शाहजहाँपुर।
ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत लगातार पैरवी
शाहजहाँपुर पुलिस के अनुसार, ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत गंभीर अपराधों में प्रभावी विवेचना एवं न्यायालय में मजबूत पैरवी के माध्यम से अभियुक्तों को कानून के तहत दंडित कराने का अभियान जारी है। पुलिस का कहना है कि इस अभियान का उद्देश्य अपराधियों में कानून का भय तथा आमजन में सुरक्षा की भावना को मजबूत करना है।