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जन-जागरूकता और जनकल्याणकारी योजनाओं का प्रचार-प्रसार विकसित भारत की आधारशिला : कुलपति प्रो. पुष्पेन्द्र बहादुर सिंह

 

स्टेट ब्यूरो हेड योगेंद्र सिंह यादव उत्तर प्रदेश ✍️

शाहजहाँपुर, 19 जून 2026। स्वामी शुकदेवानंद विश्वविद्यालय में हिंदी एवं राजनीति विज्ञान विभाग के संयुक्त तत्वावधान में "जन-जागरूकता एवं जनकल्याणकारी योजनाओं का प्रचार-प्रसार" विषय पर कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य केंद्र एवं राज्य सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं आमजन तक पहुँचाकर जागरूकता बढ़ाना था।

कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती की वंदना के साथ हुआ। कार्यक्रम के संरक्षक एवं विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. पुष्पेन्द्र बहादुर सिंह ने कहा कि शिक्षा, स्वास्थ्य, महिला सशक्तिकरण, कृषि, स्वरोजगार, सामाजिक सुरक्षा एवं डिजिटल सेवाओं से जुड़ी सरकारी योजनाओं की जानकारी समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि जन-जागरूकता के माध्यम से ही विकसित भारत के संकल्प को साकार किया जा सकता है।

मुख्य अतिथि भौतिकी विभागाध्यक्ष डॉ. शिशिर शुक्ला ने कहा कि विद्यार्थियों को सरकारी योजनाओं के उद्देश्य, पात्रता और लाभों की जानकारी होनी चाहिए। उन्होंने विद्यार्थियों से स्वयं जागरूक बनने और जरूरतमंद लोगों तक योजनाओं की जानकारी पहुंचाने का आह्वान करते हुए कहा कि "जन-जागरूकता ही जनकल्याण की कुंजी है।"

कला संकाय के अध्यक्ष प्रो. आलोक मिश्रा ने विद्यार्थियों से समाज में जागरूकता के वाहक बनने और विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पहुंचाने में सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की।

कार्यक्रम के आयोजक डॉ. श्रीकांत मिश्रा ने कहा कि समावेशी विकास और आत्मनिर्भर समाज के निर्माण के लिए जन-जागरूकता अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि जब समाज का प्रत्येक व्यक्ति योजनाओं की जानकारी प्राप्त कर उनका लाभ उठाएगा, तभी वास्तविक विकास संभव होगा।

कार्यक्रम का संचालन डॉ. बलवीर शर्मा ने किया, जबकि अंत में डॉ. प्रमोद यादव ने सभी अतिथियों एवं प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया।

इस अवसर पर डॉ. सुजीत कुमार वर्मा, डॉ. व्याख्या सक्सेना, संजय कुमार, शोभित शांख्यधर, आदर्श शुक्ला, रश्मि, नेहा तिवारी, कशिश पांडेय, अभिलाषा सागर, काजल एवं उमाशंकर सहित बड़ी संख्या में विद्यार्थी एवं शिक्षक उपस्थित रहे।

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