Breaking News

शाही ज़री के जुलूस के साथ मोहर्रम का आग़ाज़, अमन और अक़ीदत के माहौल में निकला ऐतिहासिक जुलूस

 

ब्यूरो रिपोर्ट अलयूसुफ रिज़वी लखनऊ ✍️

लखनऊ। अदब और तहज़ीब के शहर लखनऊ में पहली मोहर्रम का ऐतिहासिक शाही ज़री का जुलूस पूरे पारंपरिक वैभव, अनुशासन और अक़ीदत के साथ निकाला गया। सुबह से ही शहर में कर्बला के शहीदों की याद और ग़म-ए-हुसैन का माहौल देखने को मिला। यह ऐतिहासिक जुलूस अपने निर्धारित मार्गों से गुजरते हुए छोटे इमामबाड़े पहुंचकर सम्पन्न हुआ।

जुलूस में शामिल लाल, पीले और हरे रंग के परचम, हाथी-घोड़े तथा शाही लवाज़मा लखनऊ की ऐतिहासिक विरासत और सांस्कृतिक पहचान की झलक प्रस्तुत कर रहे थे। बड़ी संख्या में अज़ादारों ने जुलूस में शिरकत कर इमाम हुसैन और उनके साथियों को श्रद्धांजलि अर्पित की।

इस अवसर पर शिया और सुन्नी समुदाय के लोगों की संयुक्त भागीदारी ने गंगा-जमुनी तहज़ीब और आपसी भाईचारे की मिसाल पेश की। जुलूस के दौरान शहर में सौहार्द और अनुशासन का वातावरण बना रहा।

मोहर्रम के दृष्टिगत पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद दिखाई दिया। संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की गई थी, जबकि ड्रोन कैमरों और सीसीटीवी के माध्यम से पूरे मार्ग की निगरानी की गई। वरिष्ठ प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारियों ने स्वयं सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया।

जिलाधिकारी और पुलिस कमिश्नर द्वारा पूर्व में विभिन्न धर्मगुरुओं एवं गणमान्य नागरिकों के साथ बैठक कर शांति एवं सौहार्द बनाए रखने की अपील की गई थी। वहीं पुलिस अधिकारियों ने भी क्षेत्रवार शांति समिति की बैठकों के माध्यम से लोगों को सुरक्षा का भरोसा दिलाया।

सोशल मीडिया पर भी विशेष निगरानी रखी जा रही है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि भ्रामक, अफवाह फैलाने वाली अथवा सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने वाली सामग्री प्रसारित करने वालों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

पुलिस प्रशासन की सतर्कता और आमजन के सहयोग से पहली मोहर्रम का जुलूस शांतिपूर्ण एवं सकुशल सम्पन्न हुआ। आगामी दिनों में भी मोहर्रम से जुड़े कार्यक्रमों को लेकर सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रखने के निर्देश दिए गए हैं।

Post a Comment

0 Comments